Thursday, August 27, 2009

नेना-भुटका-डॉक्टर

ऊँटनीसँ खेत जोतल जाइ छैक हरियाणामे। आरिपर जालक गाछ सेहो रोपल जाइत छैक। एहि जालक गाछमे लू बहलापर पीअर फर सेहो लगैत अछि।

एहने वातवरणमे एक गोट किसान ऊँटनीसँ हर जोइत रहल छल। हर जोतैत-जोतैत ऊँटनी अपन नमगर गरदनि नमराय जालक गाछसँ पात खा लेलक। मुदा संजोग जे पात गोलठिया कऽ ओकर गरदनिमे अँटकि गेलैक।

तखने एक गोटे जे ओहि खेतक आरि देने कतहु जा रहल छल आएल आ पुछलक जे की भेल।

किसान कहलक जे ओकर ऊँटक गरदनिमे किछु अँटकि गेल छैक आ हर जोतब छोड़ि बेचैन अछि।

ओ व्यक्ति पुछलक जे ई हर जोतैत-जोतैत दहिना कात गेल छल की?

-नञि।

-उत्तर।

-नञि।

-दक्षिण।

-नञि।

-वाम।

-हँ।

-फेर ओ जालक पातपर मुँह मारने रहए की?

-हँ।

-कोनो गप नहि।

ई बाजि ओ व्यक्ति ऊँटक गरदनिपर एक हाथ मारलक। नुरिआएल जालक पात ऊँटक गरदनिसँ बाहर आबि गेल आ ओ निकेना भऽ गेल।

किसान पुछलक जे अहाँ ई करएमे कोना सक्षम भेलहुँ।

ओ व्यक्ति कहलक जे हम डॉक्टर छी। तेँ।

किसान कहलक- अच्छा। तखन तँ हमहुँ डॉक्टरी कऽ सकैत छी।

ओ गाम गेल। ओतए एकटा बुढ़िया सूतल रहए। ओकर मोन खराप रहए।

ई चिकरैत घूमि रहल छल जे हम डॉक्टर छी। ककरो जे इलाज करेबाक होअए तँ हमरा लग आऊ आ इलाज कराऊ।

बुढ़ियाक परिवारजन एहि डॉक्टरकेँ बजा कऽ अनलक।

डॉक्टर पूछब शुरू कएलक।

- बुढ़ी दहिना कात गेल छलीह की?

-नञि।

-उत्तर।

-नञि।

-दक्षिण।

-नञि।

-वाम।

-नञि।

- एक बेर हँ कहि कऽ तँ देखू।

ओकर परिवार बला सभ हँ कहि देलक।

फेर जालक पात खेलन्हि की? एहि प्रश्नक उत्तरमे सेहो परिवार बला सभ आश्चर्य व्यक्त कएलक जे मनुक्ख जालक पात किएक खाएत?

मुदा एहि डॉक्टरक कहलापर ओ सभ हँ कहि देलन्हि।

आब डॉक्टर बुढ़ीक गरदनिपर मारलक। ओ तँ लटकले छलीह। से हुनकर प्राण निकलि गेलन्हि।

आब घरमे मात्र तीन गोटे रहथि से बूढ़ीकेँ कन्हा देबाक लेल डॉक्टरोकेँ जाए पड़लैक, लहास उघि कऽ डॉक्टर बेसुध भऽ गेल। बूढ़ीक अन्तिम क्रिया भेल आ तखन जे डॉक्टर फीस मँगलक तँ ओ सभ ओहि डॉक्टरपर मारि-मारि कए छुटल।

डॉक्टर ओतएसँ भागि दोसर गाम पहुँचल आ फेर इलाज कराऊ, इलाज कराऊ, ई कहि चिकरय लागल।

एक गोटे अएलाह।

-चलू। हमर बाबूजीक मोन खराप छन्हि। इलाज कए दियन्हु।

-इलाज तँ हम कए देबन्हि। मुदा लहासकेँ कान्ह हम नहि देबन्हि।-डॉक्टर बाजल।

5 comments:

  1. Rama Jha9:57 PM

    neek katha,
    nena bhutka lel prayas sarahniya.

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  2. ee doctor te kamal chal

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  3. hasya utpann karait ehi kathak samapti bad nik.

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'विदेह' २३२ म अंक १५ अगस्त २०१७ (वर्ष १० मास ११६ अंक २३२)

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